Published on October 10, 2026 | Views: 233
इटावा: समाजवादी पार्टी के संस्थापक, पूर्व रक्षा मंत्री एवं पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव की पुण्यतिथि आज पूरे प्रदेश और देश के विभिन्न प्रदेशों में श्रद्धापूर्वक मनायी गई। श्रद्धांजलि का मुख्य कार्यक्रम सैफई इटावा में हुआ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव राष्ट्रीय महासचिव एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री शिवपाल सिंह यादव, सांसद श्रीमती डिम्पल यादव, नेता प्रतिपक्ष विधान परिषद जासमीर अंसारी, सांसद रामजी लाल सुमन, सांसद धर्मेन्द्र यादव, सांसद देवेश शाक्य, सांसद आदित्य यादव, विधायक तेज प्रताप यादव, राम आसरे कुशवाहा, विधायक आशु मलिक, जिला पंचायत अध्यक्ष इटावा अंशुल यादव, नवल किशोर शाक्य, अनुराग यादव, तोताराम, मोहम्मद फहद, इटावा के जिलाध्यक्ष प्रदीप शाक्य बबलू, समेत हजारों की संख्या में नेताओं और कार्यकर्ताओं ने नेताजी की समाधिस्थल पर पहुंच कर श्रद्धापूर्वक श्रद्धांजलि दी।
इस अवसर परअखिलेश यादव ने नेताजी को कोटि-कोटि नमन करते हुए कहा कि समाजवादी सिद्धांतों के लिए समर्पित नेताजी का जीवन हम सबकी सबसे बहुमूल्य धरोहर है। नेताजी का ये मानना हमारे लिए सबसे बड़ी सीख है कि ‘मदद’ ही मानवता की पहली सीढ़ी है। नेताजी ने सिखाया कि जो सबसे कमजोर हो उसकी ओर हाथ बढ़ाओ, उसे अपना हमकदम बनाओ। नेताजी ने समझाया केवल भेदभाव को ही नहीं मिटाना है, भेद के भाव को भी मिटाना है। कागज पर लिखी समानता से कुछ नहीं होगा, जब तक मनमुटाव नहीं मिटेगा तब तक सच्चा बदलाव नहीं आएगा। जब तक लोग ‘पीड़ित, दुखी, अपमानित’ हैं तब तक हम सबको संघर्ष जारी रखना है।
उन्होंने कहा कि आज हर पीड़ित को एकसूत्र करने के लिए हम ‘पीडीए’ के रूप में जिस ‘प्रेम, दया, अपनापन’ को बुनियाद मान रहे हैं, नेताजी सदैव उसके जीवंत उदाहरण रहे। नेताजी ‘पीडीए के प्रकाशस्तंभ’ बनकर हमेशा राह दिखाते रहेंगे। नेताजी की हर स्मृति एक प्रेरणा है।
अखिलेश यादव ने कहा कि आज हम सभी लोग संकल्प लेते है कि नेताजी जिस समाजवादी विचारधारा को लेकर चले उसे कई सौ वर्शों तक आगे बढ़ाएंगे। कमजोर, पीड़ित, और बेसहारा लोगों को साथ जोड़कर उनका मनोबल बढ़ाएंगे। भेदभाव को खत्म करेंगे। हम लोगों को ऐसा रास्ता अपनाना है। जिससे भेद का भाव भी खत्म हो। नेताजी द्वारा शुरू किए गये विकास कार्यों की कड़ी को आगे बढ़ाना है।
इस मौके पर अखिलेश यादव ने उपस्थित लोगों को सम्बोधित और मीडिया से बात करते हुए कहा कि भाजपा चुनाव आयुक्त के पीछे खड़ी होकर वोट चोरी की साजिश और षडयंत्र कर रही है। भाजपा सरकार कमजोर है। कमजोर सरकारें पुलिस को आगे करती हैं। वोटचोरी और चुनाव में धांधली को लेकर आन्दोलन मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ चल रहा है। देश के करीब-करीब सभी राजनीतिक दलों ने समय-समय पर चुनाव को लेकर सवाल खड़े किए है। मुख्य चुनाव आयुक्त पर उंगली उठी है। चुनाव आयोग संवैधानिक संस्था है। उसका काम निष्पक्ष फैसला करना होता है। चुनाव आयोग लोकतंत्र में अपनी क्रेडिबिलिटी बनाये, लेकिन जब चुनाव आयोग पर सवाल खड़े होते है तो भाजपा क्यों सामने आ जाती है। इसका मतलब है चोर की दाढ़ी में तिनका है। भाजपा चाहती है मतदाता सूची में केवल उसके सदस्यों के नाम रहे। यह काम भाजपा चुनाव आयोग के माध्यम से कराना चाहती है। भाजपा चाहती है जो उसका सदस्य हो वही भारत का नागरिक है। भाजपा के इस षड्यंत्र के खिलाफ देश के युवा और सभी राजनीतिक दल एक है। सभी लोग चाहते हैं मुख्य चुनाव आयुक्त इस्तीफा दें और चुनाव आयोग निष्पक्ष हो।
अखिलेश यादव ने कहा कि चुनाव आयोग संवैधानिक संस्था है। जब भी चुनाव आयोग के खिलाफ सवाल उठता है तो भाजपा को क्यों दर्द होता है। भाजपा सामने आकर क्यों बचाव करती है। देश की जनता का सवाल चुनाव आयोग से है तो भाजपा क्यों सामने आती है।
अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा की चोरी, बेईमानी के खिलाफ जनता सड़कों पर हैं। लगातार जनता के बीच में रहकर भाजपा को हराया जाएगा। पहली परीक्षा उत्तर प्रदेश में है। पचास दिन के बाद चुनाव की तारीखें आ रही हैं। जिन प्रदेशों में विधानसभा चुनाव है उनमें सबसे महत्वपूर्ण चुनाव यूपी का हैं इसमें सबसे बड़ी भूमिका समाजवादियों की है।
2027 में उत्तर प्रदेश की जनता, किसान, नौजवान, छात्र, व्यापारी हर वर्ग के लोग मिलकर लोकतंत्र और संविधान बचाएंगे। भाजपा लोकतंत्र संविधान और आरक्षण के लिए खतरा है।
अखिलेश यादव ने कहा कि सभी दलों के नेताओं ने राष्ट्रपति जी से मुलाकात की है। राष्ट्रपति ने सभी दलों के नेताओं से बेईमानी और वोट चोरी के सबूत मांगे है। भाजपा सरकार ने उत्तर प्रदेश में हुए सभी उपचुनाव में प्रशासन की मदद से धांधली, बेईमानी की। परिणामों को बदला। भाजपा ने पुलिस को प्राईवेट ड्रेस में वोट डलवाया। उपचुनाव में बड़े पैमाने पर अन्याय हुआ है। जनता के वोट के अधिकार को छीना गया है। एसआईआर के दौरान उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी के पीडीए प्रहरियों ने बड़ी संख्या में ऐसे लोगों को पकड़ा जिनके माध्यम से फर्जी फार्म 7 भरे जा रहे थे। भाजपा के लोग अपने किसी आफिस के माध्यम से फार्म 7 भराकर समाजवादी पार्टी के वोट काटा जा रहा था। भाजपा के लोग फर्जी दस्तखत से वोट कटवा रहे थे। समाजवादी पार्टी ने सबूत के साथ शिकायत की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। भाजपा ने लखनऊ में सरोजनीनगर विधानसभा में दशरथ नाम के 100 से ज्यादा फार्म 7 वोट कटवाने के लिए भरवाए थे, जबकि नियम है कि एक नाम से 5 से ज्यादा फार्म 7 नहीं भराये जा सकते हैं। इसी तरह विधानसभा विधूना में समाजवादी पार्टी के नगर अध्यक्ष के फर्जी दस्तखत से फार्म 7 भरवा कर समाजवादी पार्टी के लोगों के वोट काट दिये गये। जब समाजवादी पार्टी ने इसकी शिकायत की तो भी किसी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई।
अखिलेश यादव ने कहा कि चुनाव संवैधानिक संस्था है उसे निष्पक्ष तरीके से अपनी विश्वसनीयता साबित करनी है। चुनाव आयोग अब विश्वसनीय संस्था नहीं रह गयी है। अब समाज के हर हिस्से से आवाज आ रही है कि चुनाव आयोग में बैठे लोग बेईमानी कर रहे हैं। टेक्नोलॉजी के माध्यम से एक जगह से तय किया जा रहा है कि मतदाता सूची में किसका वोट रहेगा, किसका वोट नहीं रहेगा।
Category: Politics