Published on September 15, 2026 | Views: 197
UPI से ₹2,000 से ज्यादा पेमेंट पर 0.4% चार्ज लगेगा। फीस की मैक्सिमम लिमिट 300 रुपए तक की गई है। यह अमाउंट अलग-अलग ट्रांजैक्शन पर निर्भर करेगा। यह शुल्क ग्राहकों से नहीं बिजनेसमैन से लिया जाएगा।
हालांकि ₹2,000 तक पेमेंट करने पर ग्राहक और बिजनेसमैन दोनों से किसी तरह की फीस नहीं ली जाएगी। वित्त मंत्रालय ने सोमवार को नोटिफिकेशन जारी कर यह स्थिति साफ कर दी थी। RuPay डेबिट कार्ड से होने वाले पेमेंट को भी इस छूट में शामिल किया गया है।
इसकी बड़ी वजह बड़े कारोबारी पेमेंट हैं। वित्त वर्ष 2025-26 में दुकानदारों को ₹198 लाख करोड़ यूपीआई से पेमेंट हुए। इनमें ₹2,000 से ज्यादा के ट्रांजैक्शन सिर्फ 4% हुए, लेकिन इनकी कुल वैल्यू ₹131 लाख करोड़ थी। जो कुल पेमेंट का 66% है।
MDR मर्चेंट से जुड़ा शुल्क है, इसलिए इसका सीधा असर दुकानदार या कारोबारी की पेमेंट लागत पर पड़ेगा। हालांकि, अगर कारोबारी की लागत बढ़ती है तो वह इसे अपनी कारोबारी लागत में शामिल कर सकता है। इसका असर सामान या सेवा की कीमत पर पड़ेगा या नहीं, यह आगे के नियमों और बाजार की स्थिति पर निर्भर करेगा।
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